श्रीगंगानगर। जिला कलक्टर डॉ. मंजू एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दुहन के नेतृत्व में जारी नशा मक्त श्रीगंगानगर अभियान के अंतर्गत अब तक जिले के विभिन्न विद्यालयों के हजारों विद्यार्थियों ने एक साथ नशा मुक्ति सुरक्षा कवच पहनकर समाज को यह सशक्त संदेश दिया कि परिवर्तन की शुरुआत हमसे ही होगी और यही परिवर्तन आने वाले कल को सुरक्षित बनाएगा।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग से श्री विक्रम ज्याणी ने बताया कि यह सुरक्षा कवच 50 हज़ार युवाओं तक पहुंचेगा और फिर और आगे बढ़ेगा, क्योंकि नशा मुक्त समाज की फसल तभी उगेगी, जब आज के बच्चों के मन में नशा मुक्ति का बीज बोया जाएगा। विद्यालय स्तर से शुरू हुआ यह संदेश आज हजारों विद्यार्थियों ने मिलकर बदलाव के रूप में लिया है।
अभियान की विशेषता यह है कि बदलाव की नींव विद्यालयों से रखी जा रही है। बच्चों का मन कोरा कागज़ होता है, यदि उनमें सही संस्कार और दृढ़ विचार लिख दिए जाएं, तो पूरी पीढ़ी नशे से मुक्त होकर समाज को एक नई दिशा दे सकती है। विद्यालय स्तर पर चल रही यह पहल भविष्य में उस जंग की जीत बनेगी, जिसे जिला प्रशासन द्वारा नशे के खिलाफ़ लड़ा जा रहा है। आज नशे की लत परिवार, समाज और रिश्तों से भी बड़ी हो चुकी है।
नशा मुक्त श्रीगंगानगर अभियान की यह गतिविधि साबित करती है कि बदलाव की शुरुआत छोटी होती है, परंतु उसका असर पीढ़ियों तक रहता है। आज हजारों बच्चों ने नशा मुक्ति का संकल्प लिया है। कल यही संकल्प नशा मुक्त समाज की सबसे बड़ी ताकत बनेगा।