जैसलमेर, लोक आस्था के प्रतीक बाबा रामदेव जी के 641वें वार्षिक मेले के अवसर पर राजस्थान सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने गुरुवार को रामदेवरा पहुंचकर बाबा रामदेव जी की समाधि के दर्शन किए। इस अवसर पर पोकरण विधायक महंत प्रतापपुरी साथ रहे।
मंत्री श्री गहलोत ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत पूजा-अर्चना की एवं प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और खुशहाली की मंगलकामना की उन्होंने समाधि स्थल पर पुष्प एवं प्रसाद अर्पित किया तथा बाबा की अखंड जोत के दर्शन किए।
मंत्री श्री गहलोत ने इस दौरान मंदिर परिसर स्थित स्वास्थ्य चौकी पर उपस्थित स्वास्थ्य कार्मिकों से भी संवाद किया और मेला व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि बाबा रामदेव जी का मेला समरसता, भाईचारे और लोक आस्था का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह स्थल सभी धर्मों और समुदायों को जोड़ने का कार्य करता है और यहां आने से आत्मिक शांति की अनुभूति होती है। उन्होंने मेला क्षेत्र में प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया और प्रशासन की व्यवस्थाओं की सराहना की।
इस दौरान मंदिर समिति कार्यालय में बाबा वंशज गादीपति भोमसिंह तंवर एवं सांकडा पंचायत समिति के प्रधान भगवत सिंह तंवर ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री श्री अविनाश गहलोत को साफा, माला एवं दुपट्टा पहनाकर मंदिर समिति की ओर से स्वागत किया गया।
इस दौरान उपखंड अधिकारी लाखा राम चौधरी, सहायक निदेशक प्रवीण प्रकाश चौहान, समाजसेवी नवल चौहान, मंदिर समिति के अन्य पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
बाबा रामदेव पैनोरमा का किया अवलोकन
इससे पहले सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने बाबा रामदेव पैनोरमा का अवलोकन किया। मंत्री श्री गहलोत ने पैनोरमा में किए गए बाबा रामदेव के जीवन वृतांत के सुंदर चित्रण को सराहा।
नेत्र कुंभ शिविर का किया निरीक्षण
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री श्री गहलोत ने रामदेवरा में आयोजित नेत्र कुंभ शिविर का निरीक्षण कर संबंधित संस्थान द्वारा की गई उत्कृष्ट व्यवस्थाओं की सराहना की इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह शिविर एक जनकल्याणकारी पहल है, जो नेत्र ज्योति से वंचित व्यक्तियों के जीवन में फिर से उजाला भरने का कार्य कर रहा है। यह सेवा मानवता एवं समर्पण की मिसाल है।
इस नेत्र कुंभ शिविर में दूर दराज़ से आए श्रद्धालुओं एवं जरूरतमंदों को निःशुल्क नेत्र जांच, परामर्श, ऑपरेशन एवं चश्मों की सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है। शिविर में कुशल नेत्र विशेषज्ञों, पैरामेडिकल स्टाफ एवं स्वयंसेवकों की टीम