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जनजाति बच्चों के लिए अध्ययन सुविधा के बढ़ेंगे अवसर

आश्रम छात्रावास व आवासीय विद्यालयों में 675 की बढ़ी क्षमता

मुख्य बिंदु
  • मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार जनजाति वर्ग के बच्चों की अध्ययन सुविधाएं बढ़ाने के लिए सतत प्रयास है।
  • जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री बाबूलाल खराड़ी के संवेदनशील प्रयासों से टीएसपी क्षेत्र में उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और बारां जिलों में आश्रम छात्रावास और आवासीय विद्यालयों में कुल 675 की क्षमता बढ़ाने के लिए 37.
  • 95 करोड़ रूपए की प्रशासनिक स्वीकृति जारी की गई है।
  • टीएडी आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी ने बताया कि उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और बारां जिले के कुल 30 आश्रम छात्रावासों में 156 नए डोरमेट्री के लिए 31.
  • 55 करोड़ रूपए की स्वीकृति जारी हुई, इससे उक्त छात्रावासों में 555 अतिरिक्त बालक-बालिकाओं के लिए आवास सुविधा का विस्तार हो सकेगा।
  • वहीं डूंगरपुर और बांसवाड़ा के एक-एक आवासीय विद्यालय में 15-15 अतिरिक्त डोरमेट्री के लिए 6.
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जनजाति बच्चों के लिए अध्ययन सुविधा के बढ़ेंगे अवसर

उदयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार जनजाति वर्ग के बच्चों की अध्ययन सुविधाएं बढ़ाने के लिए सतत प्रयास है। जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री बाबूलाल खराड़ी के संवेदनशील प्रयासों से टीएसपी क्षेत्र में उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और बारां जिलों में आश्रम छात्रावास और आवासीय विद्यालयों में कुल 675 की क्षमता बढ़ाने के लिए 37.95 करोड़ रूपए की प्रशासनिक स्वीकृति जारी की गई है।

टीएडी आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी ने बताया कि उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और बारां जिले के कुल 30 आश्रम छात्रावासों में 156 नए डोरमेट्री के लिए 31.55 करोड़ रूपए की स्वीकृति जारी हुई, इससे उक्त छात्रावासों में 555 अतिरिक्त बालक-बालिकाओं के लिए आवास सुविधा का विस्तार हो सकेगा। वहीं डूंगरपुर और बांसवाड़ा के एक-एक आवासीय विद्यालय में 15-15 अतिरिक्त डोरमेट्री के लिए 6.40 करोड़ रूपए स्वीकृत हुए हैं।

इन छात्रावासों की बढ़ेगी क्षमता : उदयपुर जिले में जनजाति बालिका छात्रावास गोगुन्दा, डबोक एवं झाड़ोल में में 25-25 अतिरिक्त छात्राओं की आवास सुविधा का विस्तार होगा। इसी क्रम में जनजातीय बालक छात्रावास ओडा, गोराणा, नालवा, पाटिया, आड़ीवली, कल्याणपुर, बारापाल में 10-10 छात्रों हेतु अतिरिक्त आवास व्यवस्था एवं सरेरा जनजाति छात्रावास में 25 छात्रों हेतु अतिरिक्त आवास व्यवस्थाओं का निर्माण किया जाएगा।

सलूम्बर जिले के बालिका छात्रावास सलूम्बर व बालक छात्रावास सराड़ा में 25-25 की क्षमता बढाई जाएगी। बांसवाड़ा जिले में आश्रम छात्रावास बड़ी सरवा में 15, बालक छात्रावास वजवाना में 10, बालक छात्रावास भुंगड़ा में 25, सरेड़ी बड़ी में 15 तथा बालिका छात्रावास बडलिया में 25 बालिकाओं के लिए अतिरिक्त व्यवस्था प्रस्तावित है।

डूंगरपुर जिले में बालक छात्रावास ओबरी में 15, बालिका छात्रावास बिछीवाड़ा में 5 तथा बालक छात्रावास सीमलवाड़ा में 15 की क्षमता बढ़ाई जाएगी।

प्रतापगढ़ जिले के बालिका छात्रावास देवगए़ में 25 व बालिका छात्रावास सालमगढ़ में 15 की क्षमता बढ़ाई जाएगी।

बारां जिले के बालक छात्रावास समरानिया में 50, बालक छात्रावास आगर, खाण्डा सहरोल, हाटरी व खण्डेला में 25-25 तथा कस्बा थाना और बजरंगढ में 10-10 छात्रों की क्षमता बढ़ाई जाएगी।

आवासीय विद्यालयों में 120 सीटें बढ़ेगी टीएडी आयुक्त प्रज्ञा केवलरमानी ने बताया कि राजकीय जनजाति बालिका आवासीय विद्यालय सागवाड़ा डूंगरपुर में 60 तथा राजकीय जनजाति बालिका आवासीय विद्यालय हरेंगजी का खेड़ा में 60 सीटों की बढ़ोतरी होगी। इससे जनजाति वर्ग के बच्चों को अध्ययन सुविधाओं के अधिक अवसर मिल सकेंगे।