विद्यार्थी बनें रक्तदान के संदेश वाहक
( Read 1976 Times)
15 Sep, 12 16:52
Print This Page
नाथद्वारा । देश का युवा वर्ग रक्तदान के लिए अग्रणी बने एवं प्रत्येक युवा 18 वर्ष की आयु से ही रक्तदान करने लग जाए तो समूचे देश में रक्त की कमी को दूर किया जा सकेगा। विद्यार्थी रक्तदान के संदेश वाहक बनकर गांव-गांव, ढाणी-ढाणी के लोगों में रक्तदान की भ्रांतियां दूर करते हुए रक्तदान के लिए प्रेरित करने का बेहतर कार्य कर सकते हैं।
यह बात श्रीनाथजी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन के विद्यार्थियों को तेरापंथ युवक परिषद नाथद्वारा के तत्वावधान में इंस्टीट्यूशन में आयोजित गोष्ठी में मेवाड़ तेरापंथ कॉन्फ्रेस के प्रचार सचिव राजकुमार दक ने कही। दक ने कहा कि विद्यार्थियों को रक्तदान के क्षेत्र में आगे आना होगा एवं इस सामाजिक पुनीत कार्य में हर संभव सहयोग देना होगा। समन्वयक रमेश सोनी ने बताया कि अखिल भारतीय तेरापंथ युवक परिषद के निर्देशन में समूचे देश भर में आयोजित मेगा ब्लड डोनेशन ड्राइव के तहत 17 सितंबर को तेरापंथ युवक परिषद द्वारा रक्तदान शिविर आयोजित होगा। इसमें एक लाख से अधिक लोगों से रक्तदान करवाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। स्थानीय तेरापंथ सभा के अध्यक्ष कमलेश धाकड़ ने बताया कि नाथद्वारा में 17 सितंबर को धीरज धाम परिसर में प्रात: दस बजे से दोपहर दो बजे रक्तदान शिविर लगेगा। इस अवसर पर फॉर्मेसी कॉलेज के प्राचार्य राघवेन्द्र सिंह भदौरिया, मैनेजमेंट कॉलेज के प्राचार्य डॉ. दिप्ती भार्गव, तेरापंथ सभा के मंत्री सुभाष सामोता, शिव डागलिया, प्रकाश सामोता, कुंदन लाल हिरण, कांति लाल धाकड़, विक्रम पोरवाल, विमल तलेसरा सहित तेयुप के अनेक पदाधिकारी उपस्थित थे।
यह खबर निम्न श्रेणियों पर भी है:
राजसमन्द